मुजफ्फरनगर (उत्तर प्रदेश) में पुलिस विभाग की छवि को प्रभावित करने वाला एक गंभीर मामला सामने आया है। रतनपुरी थाने में तैनात एक कांस्टेबल सचिन कुमार को कथित तौर पर एक पशु पैठ ठेकेदार से अवैध वसूली और हर महीने “मंथली” मांगने के आरोप में निलंबित कर दिया गया है।
सोशल मीडिया पर वायरल हुई लगभग 3 मिनट 17 सेकंड की ऑडियो क्लिप में कांस्टेबल को ठेकेदार से पैसे की मांग करते और धमकाते हुए सुना जा सकता है। ऑडियो में यह भी दावा किया गया है कि “साहब को भी हिस्सा जाता है”, जिसके बाद मामला और गंभीर हो गया है।
ऑडियो सामने आने के बाद वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) संजय कुमार वर्मा ने तत्काल कार्रवाई करते हुए आरोपी सिपाही को सस्पेंड कर दिया और पूरे प्रकरण की उच्च स्तरीय विभागीय जांच के आदेश दिए।
मामले की जांच क्षेत्राधिकारी बुढाना को सौंपी गई है, जिन्हें यह भी जांच करने के निर्देश दिए गए हैं कि ऑडियो में जिस “साहब” का जिक्र किया गया है, वह कौन अधिकारी है और क्या वास्तव में किसी अन्य अधिकारी की संलिप्तता है या नहीं।
पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि विभाग में भ्रष्टाचार को लेकर “जीरो टॉलरेंस” की नीति अपनाई गई है। यदि जांच में आरोप सही पाए जाते हैं तो संबंधित कर्मी के खिलाफ सेवा से बर्खास्तगी तक की कार्रवाई की जाएगी।

