मुजफ्फरनगर। समाजवादी पार्टी ने वर्ष 2027 के विधानसभा चुनावों को लेकर अपनी राजनीतिक गतिविधियों को तेज करने का संकेत देते हुए जनहित के मुद्दों पर बड़े आंदोलन की रणनीति तैयार की है। जिला कार्यालय पर आयोजित सपा की मासिक बैठक में संगठन विस्तार, जनसमस्याओं और आगामी राजनीतिक संघर्ष को लेकर गंभीर मंथन किया गया। बैठक की अध्यक्षता जिलाध्यक्ष ज़िया चौधरी ने की, जबकि संचालन जिला कोषाध्यक्ष धर्मेंद्र सिंह नीटू ने किया।
बैठक में कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए जिलाध्यक्ष ज़िया चौधरी ने कहा कि समाजवादी पार्टी अब जनता से जुड़े मुद्दों को लेकर सड़क से सदन तक संघर्ष करने की तैयारी में है। उन्होंने राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव का संदेश कार्यकर्ताओं तक पहुंचाते हुए कहा कि भाजपा सरकार जनता का विश्वास खो चुकी है और केवल नफरत की राजनीति के सहारे सत्ता में बने रहने का प्रयास कर रही है।
उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश और देश में बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी, शिक्षा व्यवस्था की बदहाली, नौकरी में अवसरों की कमी तथा आरक्षण से जुड़े मुद्दों पर सरकार पूरी तरह विफल साबित हुई है। लगातार हो रहे पेपर लीक के मामलों ने लाखों युवाओं के भविष्य को संकट में डाल दिया है। युवा वर्ग सरकार की नीतियों से निराश और आक्रोशित है।
ज़िया चौधरी ने कहा कि किसान अपनी फसलों का उचित मूल्य न मिलने से परेशान हैं, मजदूरों के सामने रोजगार का संकट है और महिलाओं की सुरक्षा तथा सम्मान को लेकर भी गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। ऐसे हालात में समाजवादी पार्टी जनता की आवाज बनकर संघर्ष करेगी और जनविरोधी नीतियों के खिलाफ व्यापक आंदोलन चलाएगी। उन्होंने विश्वास जताया कि वर्ष 2027 में प्रदेश में समाजवादी पार्टी की सरकार बनने पर व्यवस्था में व्यापक सुधार किए जाएंगे और जनता को राहत मिलेगी।
बैठक में समाजवादी शिक्षक सभा के प्रदेश उपाध्यक्ष सत्येंद्र पाल ने कहा कि पिछड़े, दलित और अल्पसंख्यक वर्गों को उनका संवैधानिक अधिकार, सम्मान और हिस्सेदारी दिलाने के लिए समाजवादी विचारधारा की सरकार जरूरी है। उन्होंने कहा कि पीडीए समाज के अधिकारों की रक्षा के लिए पार्टी पूरी ताकत से संघर्ष कर रही है और कार्यकर्ताओं को गांव-गांव तक पार्टी की नीतियां पहुंचानी होंगी।
जिला मीडिया प्रभारी साजिद हसन और सपा नेत्री डॉ. मोनिका सिंह ने भी अपने संबोधन में कहा कि समाज के वंचित वर्गों की आवाज को मजबूत करने और सामाजिक न्याय की लड़ाई को आगे बढ़ाने के लिए कार्यकर्ताओं को एकजुट होकर काम करना होगा। उन्होंने संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत करने पर जोर दिया।
बैठक के दौरान शोक प्रस्ताव भी पारित किया गया। खतौली विधानसभा अध्यक्ष सत्यदेव शर्मा की पत्नी के इकलौते भाई, सपा नेता रामपाल सिंह पाल के बहनोई तथा सपा नेता अनेश निर्वाल के ताऊजी के आकस्मिक निधन पर गहरा दुख व्यक्त किया गया। उपस्थित पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत आत्मा की शांति के लिए श्रद्धांजलि अर्पित की तथा शोक संतप्त परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की।
बैठक में पूर्व जिलाध्यक्ष श्यामलाल बच्ची सैनी, पूर्व लोकसभा प्रत्याशी जसवीर वाल्मीकि, तहसीन मंसूरी, सादिक चौहान, राशिद मलिक, पूजा अनिल अंबेडकर, लोकेंद्र कुमार सिमरथी, अतहर हसन खान, चौधरी ओमपाल सिंह, डॉ. मोनिका सिंह सहित बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे। बैठक में संगठन को मजबूत करने और आगामी राजनीतिक संघर्ष को लेकर कई महत्वपूर्ण निर्णयों पर भी चर्चा की गई।
, जिलाध्यक्ष, समाजवादी पार्टी
“महंगाई, बेरोजगारी, पेपर लीक और किसानों की समस्याओं जैसे मुद्दों पर समाजवादी पार्टी जनता के साथ खड़ी है। इन सवालों पर बड़ा जनआंदोलन चलाया जाएगा और 2027 में सपा सरकार बनाकर व्यवस्था में बदलाव किया जाएगा।”
पीडीए समाज के अधिकार, सम्मान और हिस्सेदारी की रक्षा के लिए समाजवादी सरकार जरूरी है। कार्यकर्ताओं को सामाजिक न्याय की लड़ाई को और मजबूत करना होगा।”

