उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में मुख्यमंत्री हेल्पलाइन 1076 से जुड़े कर्मचारियों का गुस्सा अब सड़कों पर खुलकर सामने आ गया है। गुरुवार सुबह करीब 6 बजे से बड़ी संख्या में कर्मचारी गोमतीनगर स्थित साइबर टॉवर में इकट्ठा होकर जोरदार प्रदर्शन कर रहे हैं। कर्मचारियों ने आरोप लगाया है कि उनके साथ वेतन को लेकर बड़ा धोखा किया गया है, जिससे उनमें भारी नाराजगी है।
प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों का कहना है कि 16 मार्च 2026 को आयोजित जॉब फेयर में उन्हें हर महीने ₹15,000 वेतन देने का वादा किया गया था। लेकिन नौकरी जॉइन करने के बाद उन्हें सिर्फ ₹7,000 ही दिए जा रहे हैं। इस भारी अंतर को लेकर कर्मचारियों में आक्रोश है और वे इसे सीधा-सीधा शोषण बता रहे हैं।
कर्मचारियों का आरोप है कि न सिर्फ वेतन कम दिया जा रहा है, बल्कि बिना किसी स्पष्ट कारण के सैलरी में कटौती भी की जा रही है। उनका कहना है कि काम का दबाव लगातार बढ़ रहा है, लेकिन उसके मुकाबले भुगतान बेहद कम है, जिससे उनका गुजारा करना मुश्किल हो गया है।
प्रदर्शन स्थल पर मौजूद कर्मचारियों ने प्रशासन और संबंधित एजेंसियों के खिलाफ नारेबाजी की और अपनी मांगों को लेकर सख्त रुख अपनाया। उन्होंने चेतावनी दी है कि जब तक उन्हें पूरा वादा किया गया वेतन नहीं मिलेगा और सैलरी कटौती पर रोक नहीं लगेगी, तब तक उनका प्रदर्शन जारी रहेगा।
यह मामला अब गंभीर रूप लेता जा रहा है, क्योंकि मुख्यमंत्री हेल्पलाइन जैसी महत्वपूर्ण सेवा से जुड़े कर्मचारियों का असंतोष सीधे तौर पर जनसेवा पर असर डाल सकता है। यदि जल्द समाधान नहीं निकाला गया, तो इससे सरकारी व्यवस्थाओं की कार्यक्षमता भी प्रभावित हो सकती है।
फिलहाल प्रशासन की ओर से इस पूरे मामले पर कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है, लेकिन बढ़ते विरोध के बीच जल्द हस्तक्षेप की उम्मीद जताई जा रही है।

