मुजफ्फरनगर, 15 जून। जिले के दिव्यांगजनों को कृत्रिम अंग और सहायक उपकरण उपलब्ध कराने की दिशा में जिला चिकित्सालय में सोमवार को विशेष चिन्हांकन शिविर आयोजित किया गया। शिविर में विशेषज्ञों की जांच के बाद 66 पात्र दिव्यांगजनों का चिन्हीकरण किया गया। अब इन लाभार्थियों को शासन की योजना के तहत आवश्यक कृत्रिम अंग एवं सहायक उपकरण उपलब्ध कराने की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी।
यह शिविर केंद्र सरकार के 12 वर्ष तथा उत्तर प्रदेश सरकार के 9 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में 5 जून से 21 जून 2026 तक चलाए जा रहे “सेवा, संस्कार, सुशासन एवं सम्मान” आधारित समेकित जन-कल्याण एवं जन-जागरूकता अभियान के अंतर्गत आयोजित किया गया।
शिविर का उद्देश्य ऐसे दिव्यांगजनों की पहचान करना था, जिन्हें कृत्रिम पैर, हाथ, व्हीलचेयर, ट्राइसाइकिल, बैसाखी, श्रवण यंत्र या अन्य सहायक उपकरणों की आवश्यकता है। चिकित्सकीय परीक्षण और पात्रता के आधार पर 66 दिव्यांगजनों का चिन्हीकरण किया गया, जिससे उन्हें भविष्य में शासन की योजनाओं का लाभ मिल सके।
प्रशासन का कहना है कि चिन्हित लाभार्थियों को नियमानुसार आगे की प्रक्रिया पूरी कराकर आवश्यक सहायक उपकरण उपलब्ध कराए जाएंगे, ताकि उनका दैनिक जीवन अधिक सुगम बन सके और वे आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ सकें।
इस अवसर पर जिला दिव्यांगजन सशक्तीकरण अधिकारी दीक्षा उपाध्याय सहित संबंधित विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी मौजूद रहे। अधिकारियों ने बताया कि शासन की मंशा है कि कोई भी पात्र दिव्यांगजन सरकारी योजनाओं के लाभ से वंचित न रहे और उन्हें समय पर आवश्यक सहायता उपलब्ध कराई जाए।

