मेरठ में अवैध कॉलोनियों के खिलाफ बड़ा अभियान चलाते हुए विकास प्राधिकरण ने सख्त रुख अपनाया है। रोहटा और कंकरखेड़ा क्षेत्रों में बिना अनुमति विकसित की जा रही कॉलोनियों पर बुलडोजर चलाकर बड़े पैमाने पर कार्रवाई की गई। इस दौरान हजारों वर्गमीटर में फैले अवैध निर्माण को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया गया।
प्राधिकरण की टीम ने रोहटा क्षेत्र के अनरावली गांव में करीब 15 हजार वर्गमीटर में हो रहे अवैध निर्माण को निशाना बनाया। यहां बिना लेआउट स्वीकृति के कॉलोनी विकसित की जा रही थी, जिसे पूरी तरह गिरा दिया गया। इसी तरह कंकरखेड़ा के सिंहावली गांव में लगभग 22 हजार वर्गमीटर में फैल रहे अवैध विकास पर भी कार्रवाई करते हुए निर्माण कार्यों को तोड़ दिया गया।
अधिकारियों के अनुसार, इन कॉलोनियों में इंटरलॉकिंग सड़क, सीवर लाइन और नालियों जैसे बुनियादी ढांचे भी बनाए जा रहे थे, जो पूरी तरह अवैध थे। कार्रवाई के दौरान इन सभी निर्माणों को भी ध्वस्त कर दिया गया।
यह पूरा अभियान प्रवर्तन टीम और वरिष्ठ अधिकारियों की मौजूदगी में चलाया गया, ताकि किसी तरह की अनियमितता न हो। प्राधिकरण ने स्पष्ट किया है कि बिना नक्शा पास कराए और अनुमति लिए किए जा रहे निर्माण को किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
मेरठ विकास प्राधिकरण ने सख्त चेतावनी जारी करते हुए कहा है कि अवैध कॉलोनियों के खिलाफ यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा। लोगों से अपील की गई है कि वे किसी भी जमीन या प्लॉट की खरीद से पहले उसकी वैधता और स्वीकृति की पूरी जांच कर लें, वरना उन्हें भारी नुकसान उठाना पड़ सकता है।

