मुजफ्फरनगर समेत पूरे पश्चिमी उत्तर प्रदेश में पड़ रही भीषण गर्मी और लगातार बढ़ते हीट वेव के प्रकोप ने आम जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। हालात इतने गंभीर हो चुके हैं कि दोपहर के समय सड़कें सूनी नजर आ रही हैं और प्रशासन की ओर से समय-समय पर लोगों को जरूरी होने पर ही घर से बाहर निकलने की सलाह दी जा रही है। इसके बावजूद जिले के कई स्कूल अब भी नियमित रूप से संचालित हो रहे हैं, जिससे बच्चों की सेहत को लेकर अभिभावकों में चिंता बढ़ती जा रही है।
इसी गंभीर मुद्दे को लेकर भारतीय किसान यूनियन के सहारनपुर मंडल मीडिया प्रभारी चौधरी शक्ति सिंह ने मीडिया के माध्यम से मुजफ्फरनगर के जिलाधिकारी से विशेष अपील की है। उन्होंने कहा कि छोटे बच्चे तेज धूप और हीट वेव का सबसे ज्यादा शिकार हो सकते हैं। सुबह से ही बढ़ते तापमान और उमस के बीच बच्चों का स्कूल आना-जाना उनके स्वास्थ्य के लिए बेहद खतरनाक साबित हो सकता है।
चौधरी शक्ति सिंह ने कहा कि सरकार और स्वास्थ्य विभाग लगातार लोगों को हीट वेव से बचने के लिए सतर्क रहने की सलाह दे रहे हैं। ऐसे में स्कूलों का सामान्य रूप से खुलना कई सवाल खड़े करता है। उन्होंने मांग की कि बच्चों की सुरक्षा और स्वास्थ्य को प्राथमिकता देते हुए जिले के सभी स्कूलों में अवकाश घोषित करने या समय में तत्काल बदलाव करने के निर्देश जारी किए जाएं।
उन्होंने यह भी कहा कि कई अभिभावक अपने बच्चों की तबीयत को लेकर पहले से परेशान हैं। तेज धूप, गर्म हवाओं और लगातार बढ़ते तापमान के कारण बच्चों में डिहाइड्रेशन, चक्कर आना, बुखार और अन्य स्वास्थ्य समस्याओं का खतरा तेजी से बढ़ रहा है। अगर समय रहते प्रशासन ने गंभीर कदम नहीं उठाए तो स्थिति और चिंताजनक हो सकती है।
भारतीय किसान यूनियन ने प्रशासन से अपील की है कि बच्चों की सुरक्षा को देखते हुए तुरंत निर्णय लिया जाए ताकि किसी भी अप्रिय घटना से बचा जा सके। अब सभी की नजर जिला प्रशासन के अगले कदम पर टिकी हुई है।

