मुजफ्फरनगर। थाना भोपा पुलिस ने एक युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मृत्यु के मामले का खुलासा करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार घटना के पीछे आपसी विवाद और शराब के दौरान हुआ झगड़ा मुख्य वजह बताया जा रहा है। मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए पुलिस ने करीब 10 घंटे के भीतर आरोपियों तक पहुंच बनाई।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय कुमार वर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि सिसौली निवासी रोबिन ने थाना भोपा में शिकायत दर्ज कराई थी कि अंकुर पुत्र पाल्ला की मृत्यु के बाद उसके शव को पहचान और साक्ष्य छिपाने के उद्देश्य से शुक्रतीर्थ स्थित श्मशान घाट में जला दिया गया। सूचना मिलते ही थाना भोपा पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी।
जांच के दौरान पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज, तकनीकी साक्ष्यों और अन्य महत्वपूर्ण जानकारियों का विश्लेषण किया। इसी क्रम में पुलिस को सूचना मिली कि मामले से जुड़े कुछ संदिग्ध व्यक्ति वाहन से क्षेत्र छोड़ने की कोशिश कर रहे हैं। सूचना के आधार पर सीकरी मार्ग पर चेकिंग अभियान चलाया गया।
पुलिस के अनुसार संदिग्ध आल्टो कार को रोकने का प्रयास किया गया, लेकिन उसमें सवार लोग वाहन छोड़कर भागने लगे। इस दौरान पुलिस और आरोपियों के बीच फायरिंग की घटना हुई। जवाबी कार्रवाई में सन्नी नामक आरोपी घायल हो गया, जबकि राजपाल सैनी, सुमित अघोरी और मनमोहन को मौके से गिरफ्तार कर लिया गया।
गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ में सामने आया कि मृतक अंकुर और आरोपियों के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था। आरोपियों का कहना है कि शराब के दौरान अक्सर कहासुनी और झगड़े की स्थिति बनती थी। इसी विवाद के चलते घटना को अंजाम दिया गया। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त दो डंडे, एक अवैध तमंचा, कारतूस तथा आल्टो कार बरामद की है।
पुलिस ने बताया कि मामले से जुड़े सभी पहलुओं की गहनता से जांच की जा रही है। गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में विधिक कार्रवाई आगे बढ़ाई जा रही है। साथ ही पुलिस ने लोगों से अपील की है कि किसी भी विवाद की स्थिति में कानून का सहारा लें और शांति एवं सामाजिक सौहार्द बनाए रखें।

