Thursday, October 1, 2026

मुजफ्फरनगर में मुठभेड़: व्यापारी की हत्या की सुपारी लेने वाले दो शूटर दबोचे, एक पैर में गोली लगने से घायल।





मुजफ्फरनगर में रंगदारी और हत्या की सुपारी से जुड़ा एक गंभीर मामला सामने आया है। थाना सिविल लाइन पुलिस ने शुक्रवार को मुठभेड़ के बाद दो शातिर शूटरों को गिरफ्तार कर लिया। इस दौरान हुई गोलीबारी में एक आरोपी के पैर में गोली लग गई, जिसे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस ने आरोपियों के पास से दो अवैध तमंचे, तीन जिंदा कारतूस, दो खोखा कारतूस और वारदात में इस्तेमाल किए गए दो मोबाइल फोन बरामद किए हैं।

पुलिस के मुताबिक 4 मार्च को पटेलनगर निवासी व्यापारी राजीव जैन ने थाना सिविल लाइन में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया था कि एक अज्ञात मोबाइल नंबर से उन्हें लगातार जान से मारने की धमकी दी जा रही है और सुरक्षा के नाम पर 10 लाख रुपये की रंगदारी मांगी जा रही है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी थी।

जांच के दौरान शुक्रवार को पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि रंगदारी मांगने वाले आरोपी बामनहेड़ी रेलवे स्टेशन के पास रेलवे लाइन के नजदीक किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की फिराक में खड़े हैं। सूचना मिलते ही थाना सिविल लाइन पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। पुलिस को देखते ही दोनों आरोपी जंगल की ओर भागने लगे और पेड़ों की आड़ लेकर पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी।

पुलिस ने आरोपियों को आत्मसमर्पण करने की चेतावनी दी, लेकिन उन्होंने दोबारा गोली चलानी शुरू कर दी। इसके बाद पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी फायरिंग की, जिसमें एक आरोपी प्रताप चौधरी उर्फ ‘बदमाशों का देवता’, पुत्र नरेश पाल निवासी हुसैनपुर थाना रामराज, के पैर में गोली लग गई। वहीं दूसरे आरोपी रवि उर्फ सूटर, पुत्र रनवीर निवासी बाखरपुर थाना बालेनी जनपद बागपत, को पुलिस ने घेराबंदी कर गिरफ्तार कर लिया।

पूछताछ में आरोपियों ने चौंकाने वाला खुलासा किया। उन्होंने बताया कि वे लोगों की हत्या करने की सुपारी लेते हैं। घायल आरोपी प्रताप चौधरी ने पुलिस को बताया कि जेल में उसकी मुलाकात अतुल कुमार नाम के व्यक्ति से हुई थी। उसी ने व्यापारी राजीव जैन की हत्या के लिए 20 लाख रुपये की सुपारी दी थी। योजना के तहत आरोपियों ने पहले व्यापारी से फोन पर 10 लाख रुपये की रंगदारी मांगी और शुक्रवार को हत्या की वारदात को अंजाम देने जा रहे थे, लेकिन उससे पहले ही पुलिस ने उन्हें पकड़ लिया।

पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार घायल आरोपी प्रताप चौधरी के खिलाफ पहले से चोरी, आर्म्स एक्ट समेत कई आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस अब आरोपियों के अन्य आपराधिक नेटवर्क और उनके संपर्कों की गहन जांच कर रही है, ताकि इस पूरे गिरोह का पर्दाफाश किया जा सके।

यह कार्रवाई अपर पुलिस महानिदेशक मेरठ जोन और पुलिस उपमहानिरीक्षक सहारनपुर रेंज के निर्देशन में की गई। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय कुमार वर्मा के पर्यवेक्षण तथा पुलिस अधीक्षक नगर सत्यनारायण प्रजापत और क्षेत्राधिकारी नगर सिद्धार्थ मिश्रा के नेतृत्व में थाना सिविल लाइन पुलिस टीम ने इस ऑपरेशन को सफलतापूर्वक अंजाम दिया।

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