3 अप्रैल 2026 को लक्ष्मीनगर (मु.नगर) स्थित शिवसेना कार्यालय में छत्रपति शिवाजी महाराज की 346वीं पुण्यतिथि अत्यंत श्रद्धा और गंभीरता के साथ मनाई गई। इस अवसर पर उपस्थित पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने शिवाजी महाराज के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया और उनके आदर्शों पर चलने का संकल्प लिया।
कार्यक्रम में शिवसेना प्रदेश अध्यक्ष डॉक्टर योगेंद्र शर्मा तथा संयुक्त हिंदू महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष बागेश अग्रवाल ने कहा कि मराठा साम्राज्य के संस्थापक शिवाजी महाराज की वीरता, दूरदर्शिता और “हिंदवी स्वराज्य” की स्थापना का इतिहास सदैव प्रेरणादायक रहेगा। उन्होंने कहा कि राष्ट्र और धर्म की रक्षा के लिए उनके संघर्ष और बलिदान को कभी भुलाया नहीं जा सकता।
वहीं शिवसेना जिला अध्यक्ष लोकेश सैनी और अखिलेश जाटव ने अपने संबोधन में कहा कि शिवाजी महाराज ने सीमित संसाधनों और कम सेना के बावजूद अपनी अद्भुत युद्धनीति से मुगलों जैसी विशाल शक्ति को चुनौती दी और पराजित किया। उन्होंने गोरिल्ला युद्ध पद्धति की शुरुआत कर युद्धकला में नया अध्याय जोड़ा।
उन्होंने आगे कहा कि शिवाजी महाराज केवल एक वीर योद्धा ही नहीं, बल्कि एक कुशल रणनीतिकार और आत्मविश्वासी शासक भी थे। उन्होंने अपने शासनकाल में महिलाओं के सम्मान और सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी तथा नारी का अपमान करने वालों को कठोर दंड दिया। उनके नेतृत्व में छोटे-छोटे समूहों को संगठित कर एक मजबूत और स्वतंत्र स्वराज की स्थापना की गई, जो आज भी आदर्श शासन का उदाहरण है।
इस दौरान कार्यक्रम में कई पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे, जिनमें प्रमुख रूप से संजय गोयल (मंडल उपाध्यक्ष), वीरेंद्र त्यागी (प्रदेश महामंत्री), अनुकूल जोशी (जिला उपाध्यक्ष), गीता गुर्जर (मंडल अध्यक्ष), कल्पना ठाकुर, नेहा गोयल (नगर अध्यक्ष), आशीष शर्मा (जिला उपाध्यक्ष), विजय तोमर (युवा नगर अध्यक्ष), गोपी वर्मा (युवा नगर उपाध्यक्ष) और रविंद्र शर्मा सहित अन्य लोग शामिल रहे।
कार्यक्रम का समापन शिवाजी महाराज के आदर्शों को समाज में अपनाने और उनके बताए मार्ग पर चलकर राष्ट्र निर्माण में योगदान देने के आह्वान के साथ हुआ।

